
बिलासपुर _,छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के चिंगराजपारा स्थित वार्ड क्रमांक 54 की शासकीय उचित मूल्य की दुकान, जिसे विस्व अम्मे स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित है वहां राशन वितरण में भारी अव्यवस्था देखी जा रही है।
नागरिकों की परेशानी: नागरिकों का कहना है कि उन्हें सुबह से ही लाइन में लगना पड़ता है और फिर भी उन्हें राशन शाम 7 से 8 बजे के बीच ही मिल पाता है। ऐसे में दिनभर की मेहनत और समय दोनों ही बर्बाद हो जाते हैं। कई लोगों को दुकान पर पांच बार तक आना पड़ता है, तब जाकर उन्हें राशन मिल पाता है।
सेल्समैन का पक्ष: दुकान के सेल्समैन का कहना है कि ” सर्वर स्लो है”, इसी वजह से राशन वितरण में देरी हो रही है। उनका यह भी कहना है कि उन्हें सिर्फ 30 दिनों का समय मिला है जिसमें तीन महीने का राशन वितरण करना है, इस वजह से दुकानदार भी दबाव में हैं।
ऐसे हालात में सवाल,
कि क्या तकनीकी खामी (जैसे स्लो सर्वर) नागरिकों की परेशानी का कारण बन सकती है?अगर तीन महीने का राशन 30 दिन में देना है, तो क्या अतिरिक्त स्टाफ या समय नहीं मिलना चाहिए?प्रशासन इन समस्याओं की मॉनिटरिंग क्यों नहीं कर रहा?समाधान की ज़रूरत: इस प्रकार की अनियमितता से गरीब और जरूरतमंद नागरिकों को बहुत कठिनाई हो रही है। शासन को चाहिए कि वे इस पर संज्ञान लें, तकनीकी समस्याएं दूर करें और समयबद्ध राशन वितरण सुनिश्चित करें।